*प्रतापगढ़: अजगरा महोत्सव में होगा ‘द ग्रेट अजगरा डिबेट’, 1,4 2 7 डिबेटर्स में से चुने जाएंगे आठ फाइनलिस्ट*
अनिल मिश्र
प्रतापगढ़। आगामी अजगरा महोत्सव इस बार सांस्कृतिक आयोजनों के साथ बौद्धिक विमर्श और स्वस्थ संवाद का भी मंच बनेगा। महोत्सव में पहली बार ‘द ग्रेट अजगरा डिबेट’ का आयोजन किया जाएगा। जिलाधिकारी अभिषेक पांडेय ने गुरुवार को दोपहर एक बजे आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में इसकी जानकारी दी।
जिलाधिकारी ने बताया कि इस प्रतियोगिता में जिले की ग्राम पंचायतों और वार्डों से चयनित प्रतिभागी हिस्सा लेंगे। प्रत्येक ग्राम पंचायत और वार्ड अपने क्षेत्र से सर्वश्रेष्ठ डिबेटर का चयन करेगा। इस प्रक्रिया में कुल 1,427 डिबेटर्स भाग लेंगे। विभिन्न चरणों में चयन के बाद इनमें से आठ प्रतिभागियों को अंतिम मुकाबले के लिए चुना जाएगा। अंतिम आठ प्रतिभागी 17 सितंबर को रानीगंज के अजगरा में आमने-सामने होंगे। उनके बीच होने वाले वाद-विवाद, तर्क-वितर्क, विचार और संवाद कौशल के आधार पर एक प्रतिभागी को ‘आज का युधिष्ठिर’ चुना जाएगा।
इस महामुकाबले को लेकर लोगों में खासा उत्साह है। जिलाधिकारी ने अजगरा को साझा सांस्कृतिक विरासत से जोड़ते हुए भारतीय चिंतन परंपरा में इसके महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने यक्ष-युधिष्ठिर संवाद का उदाहरण देते हुए कहा कि प्रश्न पूछने, तर्क करने और संवाद के माध्यम से ज्ञान प्राप्त करने की परंपरा भारतीय संस्कृति की महत्वपूर्ण विशेषता रही है। उन्होंने कहा कि समय के साथ यह परंपरा कमजोर हुई है। अजगरा महोत्सव के माध्यम से प्रशासन इसे आधुनिक स्वरूप में पुनर्जीवित करने का प्रयास कर रहा है। इसका उद्देश्य युवाओं और आम लोगों में प्रश्न पूछने की प्रवृत्ति, तार्किक सोच और स्वस्थ संवाद की संस्कृति को बढ़ावा देना है। महोत्सव में सांस्कृतिक एवं मनोरंजन कार्यक्रमों के साथ इस बार बौद्धिक विमर्श को भी प्रमुख स्थान दिया गया है। अब सभी की निगाहें 17 सितंबर को होने वाले आठ प्रतिभागियों के महामुकाबले पर टिकी हैं, जहां जिले को अपना ‘आज का युधिष्ठिर’ मिलेगा।
