*किशोरियों को कौशल विकास से जोड़ने के लिए आयोजित हुआ रजिस्ट्रेशन कैंप*
संवाददाता दधीच विश्वकर्मा
देवरी तारनपट्टी (सुलतानपुर)। किशोरियों को हुनरमंद बनाकर उन्हें आत्मनिर्भरता की दिशा में आगे बढ़ाने के उद्देश्य से स्वैच्छिक सामाजिक संस्था पीपुल्स एक्शन फॉर नेशनल इंटीग्रेशन (पानी) की ओर से दोस्तपुर विकासखंड की ग्राम पंचायत देवरी तारनपट्टी स्थित पंचायत भवन में कौशल विकास प्रशिक्षण रजिस्ट्रेशन कैंप का आयोजन किया गया। कार्यक्रम ‘किशोरी सशक्तिकरण कार्यक्रम’ के तहत आयोजित हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में किशोरियों और ग्रामीणों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की।
कार्यक्रम का शुभारंभ ग्राम प्रधान, जूनियर हाईस्कूल के प्रधानाध्यापक गोविन्द प्रसाद, आशा कार्यकर्त्री माहेश्वरी देवी तथा प्रथम संस्थान नोएडा से आए अखिलेश ने संयुक्त रूप से फीता काटकर किया। अतिथियों ने किशोरियों को कौशल विकास प्रशिक्षण से जुड़ने के लिए प्रेरित करते हुए कहा कि वर्तमान समय में शिक्षा के साथ व्यावहारिक कौशल का होना भी बेहद जरूरी है। प्रशिक्षण के माध्यम से किशोरियां अपने हुनर को निखारकर रोजगार और स्वरोजगार के बेहतर अवसर हासिल कर सकती हैं।
इस अवसर पर संस्था के साथी राम मोहित ने ‘पानी’ संस्था के उद्देश्यों और किशोरी सशक्तिकरण कार्यक्रम की विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि कार्यक्रम का उद्देश्य किशोरियों को विभिन्न कौशलों से जोड़ना, उनमें आत्मविश्वास पैदा करना और उन्हें भविष्य के बेहतर अवसरों के लिए तैयार करना है।
जूनियर हाईस्कूल के प्रधानाध्यापक गोविन्द प्रसाद ने किशोरियों से अधिक से अधिक संख्या में प्रशिक्षण कार्यक्रम में पंजीकरण कराने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि कौशल विकास से किशोरियों के अंदर आत्मनिर्भर बनने की क्षमता विकसित होगी और वे भविष्य में अपने परिवार के साथ-साथ समाज के विकास में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकेंगी।
प्रथम संस्थान नोएडा के अखिलेश ने प्रशिक्षण शिविर के महत्व, उपलब्ध योजनाओं और पंजीकरण की प्रक्रिया के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने किशोरियों को प्रशिक्षण के दौरान नियमित रूप से प्रतिभाग करने और सीखे गए कौशल का व्यवहारिक जीवन में उपयोग करने के लिए प्रेरित किया।
कैंप के दौरान किशोरियों को प्रशिक्षण से संबंधित आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराई गई और इच्छुक प्रतिभागियों का पंजीकरण किया गया। संस्था के कार्यकर्ताओं ने ग्रामीणों को भी कार्यक्रम के उद्देश्यों से अवगत कराया तथा किशोरियों को कौशल विकास के अवसर उपलब्ध कराने में अभिभावकों की भूमिका पर जोर दिया।
कार्यक्रम में संकुल समन्वयक मोनिका, आरसीएफ शिवकुमारी, रानी, रिंकू और मुकेश सहित संस्था से जुड़े कार्यकर्ता मौजूद रहे। कैंप के दौरान किशोरियों में प्रशिक्षण को लेकर उत्साह देखने को मिला।
संस्था के पदाधिकारियों ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों की किशोरियों को शिक्षा के साथ-साथ रोजगारपरक कौशल से जोड़ना समय की आवश्यकता है। ऐसे प्रशिक्षण कार्यक्रमों के माध्यम से किशोरियों को अपने हुनर को पहचानने और उसे रोजगार के अवसरों में बदलने का मंच मिल सकता है। आने वाले समय में भी संस्था की ओर से किशोरियों को कौशल विकास और आत्मनिर्भरता से जोड़ने के लिए इस तरह के कार्यक्रम आयोजित किए जाने की बात कही गई।
